तिर्यक आसन: धर्म और राष्ट्रहित के उचक्के

आवारा भीड़ को कहीं पाकिस्तान का नमक तो नहीं खिलाया जा रहा? बिरयानी बिना नमक के खाई थी? जनता ने पाँच किलो राशन के पैकेट में मिले नमक का कर्ज चुकाया। क्या पाकिस्तान के नमक का कर्ज भी चुकाना होगा?

Read More

रूस-यूक्रेन युद्ध और इसमें अमेरिका-नाटो के हस्तक्षेप का विरोध क्यों किया जाना चाहिए

पूर्वी यूरोप के देश नाटो के साथ गोलबंद हो रहे हैं, लेकिन वहां की जनता में ‘महान रूस’ की अवधारणा जगह बना रही है। पूर्वी यूरोप में यह तनाव उसे गृहयुद्ध की तरफ ले जाएगा, जैसा कि यूक्रेन में हो चुका है। इन गृहयुद्धों का प्रयोग आमतौर पर साम्राज्यवादी खेमे के किसी एक देश के कब्जे में ही बदलता है। ये देश रूस या अमेरि‍का का निवाला बन जाएंगे और जनता गुलामी के भंवर में फंस जाएगी।

Read More

बात बोलेगी: सूचनाओं के प्रवाह में जवाब देने की मजबूरी

अजीब सी मुश्किल है। न बोलें तो चैन कहाँ और बोले तो बेचैन। चुप्प रहें तो कायरता, जो बोल दिये तो सौ इल्ज़ाम। खामोश रहे तो सौ तोहमतें, कह डाला तो जान और सम्मान को खतरा। न कहा तो अपने होने पर ही शक-शुबहा। अजीब हालात होते जा रहे हैं।

Read More

रूस और यूक्रेन के बीच विवाद: आशंकाएं और संभावनाएं

सोवियत संघ से अलग हुए इन देशों के अपने आन्तरिक कारणों के कारण रूस के संबंध निरंतर बिगड़ने लगे थे जबकि इनमें रूस की कोई भूमिका नहीं थी। सोवियत संघ के समय वहां संघीय ढांचा था जिसमें सभी राष्ट्रीयताओं की अलग भाषा, संस्कृति होने के बावजूद उन्हें स्वायत्तता मिली हुई थी।

Read More