कृषि बिल: किसानों के साथ केंद्र की वार्ता बेनतीजा, पंजाब में रेल सेवाएं ठप


कृषि बिल पर चर्चा के लिए केंद्र के साथ किसान संगठनों  की बैठक बेनतीजा रही। पंजाब में किसानों का विरोध जारी रहेगा और ट्रेन सेवा भी स्थगित रहेगी। 

बीते डेढ़ महीने से पंजाब के किसान मोदी सरकार द्वारा जबरन पारित कृषि बिल के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। किसान रेलवे ट्रैक पर चारपाई खाट बिछा कर वहीं  बैठे हुए हैं।  एक भी मालगाड़ी को पंजाब में घुसने नहीं दिया गया है।

पंजाब में  बीते 1 अक्टूबर से रेल यातायात ठप है। सिंधु बार्डर समेत कई जगह पर किसान लगातार डेरा डाले हुए हैं। दिल्ली के विज्ञान भवन में हुई इस बैठक में पंजाब के 29 किसान संगठनों के प्रधानों और प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

कृषि बिल आने के बाद पंजाब के किसान संगठनों के साथ हुई, इस पहली बैठक में केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर, रेल और केंद्रीय खाद्य एवं आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामलों के मंत्री पीयूष गोयल के साथ कृषि मंत्रालय और रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए।

बैठक के बाद कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि “हमने  किसान यूनियन को अश्वस्त किया है कि नए कृषि कानूनों से उनसे न्यूनतम समर्थन मूल्य और मंडी (APCM) प्रभावित नहीं होगी। पंजाब में एपीएमसी और एमएसपी दोनों जारी रहेगी। इस बार खरीफ की फसलों की जो खरीद हुई है वो पंजाब  में तो कई गुना ज्यादा हुई है।”

इस बैठक से पहले रेल मंत्री पीयूष गोयल ने कहा था, “इस वर्ष पंजाब में MSP पर रिकार्ड खरीद हुई है व मैं पुनः स्पष्ट करता हूं कि #MSPHaiAurRahega मुझे आशा है पंजाब में जल्द ही ट्रेन सेवायें शुरू होंगी। हम खुले दिल से बात कर किसानों की शंकाएं दूर करने का प्रयत्न करेंगे।”

 

साभार: देशगॉंव


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