‘जनसत्ता’ में एक खाप-सत्ता भी है!
अभिषेक श्रीवास्तव दैनिक जनसत्ता के 12 नवम्बर 2012 के संपादकीय पृष्ठ पर शंकर शरण का लेख छपा है ‘हिंदू विवाह और गोत्र’ (http://www.jansatta.com/index.php/component/content/article/32610-2012-11-12-04-53-59)। सुबह से ही अखबार की वेबसाइट …
Read More