मशहूर शायर राहत इंदौरी के निधन पर MP प्रलेस और राष्ट्रीय सेक्युलर मंच का वक्‍तव्‍य


वरिष्ठ शायर राहत इंदौरी जी के निधन पर मध्य प्रदेश प्रगतिशील लेखक संघ और राष्ट्रीय सेक्युलर मंच ने गहन शोक व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की है।

राष्ट्रीय सेक्युलर मंच के संयोजक श्री लज्जा शंकर हरदेनिया और मध्य प्रदेश प्रगतिशील लेखक संघ के महासचिव शैलेन्द्र शैली ने एक शोक प्रस्ताव में कहा कि राहत इंदौरी जी मानवीय मूल्यों, सामाजिक न्याय, विश्व शांति और धर्मनिरपेक्ष मूल्यों के लिए प्रतिबद्ध शायर थे।

उन्होंने सांप्रदायिक कट्टरपंथी, प्रतिगामी, फासीवादी प्रवृत्तियों और ताकतों का जिस मजबूती से प्रतिरोध किया, वह और प्रेरक और अविस्मरणीय है।

राहत इंदौरी जी का निधन हमारे समय की बहुत बड़ी क्षति है। उनके अवदान में अभिव्यक्त मूल्यों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए जन विरोधी, प्रतिगामी प्रवृत्तियों और ताकतों के प्रतिरोध हेतु लामबंद होना ही इस महान शायर के प्रति सार्थक श्रद्धांजलि है।

शायर को जनपथ का आखिरी सलाम!


About जनपथ

जनपथ हिंदी जगत के शुरुआती ब्लॉगों में है जिसे 2006 में शुरू किया गया था। शुरुआत में निजी ब्लॉग के रूप में इसकी शक्ल थी, जिसे बाद में चुनिंदा लेखों, ख़बरों, संस्मरणों और साक्षात्कारों तक विस्तृत किया गया। अपने दस साल इस ब्लॉग ने 2016 में पूरे किए, लेकिन संयोग से कुछ तकनीकी दिक्कत के चलते इसके डोमेन का नवीनीकरण नहीं हो सका। जनपथ को मौजूदा पता दोबारा 2019 में मिला, जिसके बाद कुछ समानधर्मा लेखकों और पत्रकारों के सुझाव से इसे एक वेबसाइट में तब्दील करने की दिशा में प्रयास किया गया। इसके पीछे सोच वही रही जो बरसों पहले ब्लॉग शुरू करते वक्त थी, कि स्वतंत्र रूप से लिखने वालों के लिए अखबारों में स्पेस कम हो रही है। ऐसी सूरत में जनपथ की कोशिश है कि वैचारिक टिप्पणियों, संस्मरणों, विश्लेषणों, अनूदित लेखों और साक्षात्कारों के माध्यम से एक दबावमुक्त सामुदायिक मंच का निर्माण किया जाए जहां किसी के छपने पर, कुछ भी छपने पर, पाबंदी न हो। शर्त बस एक हैः जो भी छपे, वह जन-हित में हो। व्यापक जन-सरोकारों से प्रेरित हो। व्यावसायिक लालसा से मुक्त हो क्योंकि जनपथ विशुद्ध अव्यावसायिक मंच है और कहीं किसी भी रूप में किसी संस्थान के तौर पर पंजीकृत नहीं है।

View all posts by जनपथ →